WHO ने रमजान के महीने के लिए जारी किए दिशा-निर्देश

कोरोना वायरस महामारी पूरे विश्व में अभी तक अपने पैर पसारे बैठी है। कुछ दिनों बाद विश्व के सभी मुस्लिमों का पाक रमज़ान का महीना शुरू होने वाला है जिसमें सभी मुसलमान रोज़े रखते हैं, नमाज़ पढ़ते हैं और मस्जिदों में इकठ्ठा होकर तरावीह पढ़ते हैं। लेकिन कोरोना के इस दौर में मुस्लिमों की धार्मिक संस्थाएं देश-विदेश के सभी मुसलमानों से अपील कर रही हैं और रमजान के मौके पर स्वास्थ्य विभाग की नसीहतों का पालन करने को कह रही हैं. इसके अलावा संस्थाएं मुसलमानों को इबादत के वक्त भी भीड़भाड़ करने से मना कर रही हैं.

इस बीच विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने भी रमजान को लेकर गाइडलान्स जारी की है. जिसमें रमजान के दौरान अहम बातों का ध्यान रखने को कहा गया है. WHO ने कहा है कि रमजान के मौके पर सामाजिक और धार्मिक इजतिमा होता है. जिसमें एकट्ठे होकर रोजा खोलना, मस्जिद में इकट्ठा होकर तरावीह पढ़ना, महीने के आखिरी दस 10 दिन-रात में ‘एतकाफ’ (एकांत होकर इबादत) करना शामिल है. ये पारंपरिक कार्यक्रम पूरे महीने चलता रहता है. लिहाजा WHO गाइडलाइन्स जारी कर रमजान के मौके पर विशेष सावधानी बरतने की अपील कर रहा है.

  • अगर रमजान के लिए लिए कई लोगों को एक जगह जुटने की मंजूरी दी जाती है तो कोविड-19 के खतरे को कम करने के इंतजाम किए जाएं.
  • रमजान के दौरान एक -दूसरे के अभिवादन के लिए सीने पर हाथ रखने या सिर झुकाने जैसे व्यवहार को बढ़ावा दिया जाए.
  • कोविड -19 के लक्षणों वाले व्यक्तियों से रमजान के दौरान बाहर ना निकलने और लोगों से ना मिलने को कहा जाए.
  • अधिक उम्र के बुजुर्गों और गंभीर बीमारी वाले लोगों को रमजान में घरों में रहने पर जोर दिया जाए.
  • अगर किसी कारण रमजान के दौरान नमाज के लिए लोग इकठ्ठा होते भी हैं तो वुजू और नमाज के समय दूरी का ख्याल रखा जाए.
  • अगर मस्जिद में लोग इकठ्ठा होते भी हैं तो एक-एक कर दूरी बनाते हुए भीतर आएं.
  • सरकार की तरफ से रमजान में कोरोना को फैलने से बचाने के सभी उपाय सुनिश्चित किए जाएं.
  • रमजान के सामाजिक और धार्मिक सामारोहों के संदर्भ में सूचनाएं साफ और स्पष्ट होनी चाहिए.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Show Buttons
Hide Buttons
%d bloggers like this: